ट्रैफिक पर एक मामूली गलती, कनाडा पुलिस को बैठे-बिठाए हाथ लग गया गैंगस्टर अमृतपाल बाठ; जानिए इनसाइड स्टोरी
नई दिल्ली।
पंजाब के मोस्ट वांटेड गैंगस्टर अमृतपाल सिंह बाठ को कनाडा पुलिस ने एक सामान्य ट्रैफिक जांच के दौरान धर दबोचा। यह घटना ब्रिटिश कोलंबिया के सरे शहर के व्हाली इलाके में हुई। कहें तो गैंगस्टर अमृतपाल सिंह कनाडा पुलिस को बैठे-बिठाए हाथ लग गया। इधर इंटरपोल ने भी बाठ की गिरफ्तारी की पुष्टि की है। अमृतपाल सिंह बाठ 20 मामलों में वांछित था। बता दें कि बाठ की गिरफ्तारी 8 अक्टूबर को हुई थी। अब अमृतपाल बाठ को भारत लाने की भी तैयारी चल रही है। पंजाब पुलिस ने अमृतपाल सिंह बाठ को लाने के लिए पेपरवर्क भी शुरू कर दिया है।
एक मामूली गलती से कैसे दबोचा गया अमृतपाल सिंह बाठ
दरअसल, अमृतपाल सिंह बाठ सामान्य तरीके से बेफिक्र होकर गाड़ी में बैठकर किसी दूसरे स्थान पर जा रहा था। लेकिन गाड़ी के ड्राइवर ज्यादा ट्रेंड नहीं लग रहा था और कार को असंतुलित तरीके से चला रहा था। फिर क्या था ट्रैफिक सिग्नल पर आते ही पुलिस को ड्राइवर के नशे में होने की आशंका हुई और गाड़ी रुकवा दिया। फिर अमृतपाल से पहचान पत्र मांगा। जैसे ही अमृतपाल ने अपनी आईडी दी वैसे ही पुलिस को शक हुआ और उसे आईडी में कुछ फर्जीवाड़ा नजर आई।
फर्जी आईडी की जांच में दबोचा गया अमृतपाल सिंह बाठ
वहीं, आईडी संदिग्ध लगने के कारण जब पुलिस ने डेटाबेस में डालकर उसकी गहराई से जांच की, तो पता चला कि वह पंजाब पुलिस द्वारा केंद्रीय एजेंसियों के सहयोग से जारी इंटरपोल के रेड कॉर्नर नोटिस के तहत वांछित अपराधी है। पुलिस ने मौके से गिरफ्तार कर लिया।
CBSA के शिकंजे में अमृतपाल सिंह
जैसे ही कनाडा पुलिस की जांच में उसकी असली पहचान उजागर हुई वैसे ही उसे कनाडा पुलिस ने उसे तुरंत हिरासत में ले लिया और अब आगे की कार्रवाई के लिए कनाडा बॉर्डर सर्विसेज एजेंसी को सौंप दिया। जांच एजेंसी अब हर स्तर से जांच कर रही है।
पुलिस अधिकारियों को अमृतपाल बाठ के कनाडा में होने की नहीं थी खबर
बता दें कि कनाडा के पुलिस अधिकारियों को यह नहीं पता था कि अमृतपाल सिंह बाठ कनाडा में घूम रहा है। वहीं, यह भी पता नहीं चल सका है कि ड्राइवर उसका सहयोगी था या अंजान व्यक्ति था। कनाडा पुलिस के मुताबिक वह महज एक रूटीन ट्रैफिक चेकिंग की वजह से पकड़ा गया।
अमृतपाल सिंह बाठ पर कौन-कौन से गंभीर आरोप हैं
- गैंगस्टर अमृतपाल सिंह बाठ पर पंजाब और अन्य जगहों पर कुल 20 से अधिक गंभीर आपराधिक मामले दर्ज हैं।
- जिनमें पंजाब के झबल के सरपंच मुनीश कुमार की हत्या का आरोप है।
- पंजाब और आसपास के इलाकों में कारोबारियों और लोगों से फिरौती मांगने व रंगदारी वसूलने का आरोल है।
- एनडीपीएस एक्ट के तहत नशीले पदार्थों की तस्करी के आरोप हैं।
- विदेश से बैठकर पंजाब में अपने आपराधिक सिंडिकेट ऑपरेट करने का आरोप है।
