ओबीसी, एससी व एसटी वर्ग की बैठक की 13 को
रायपुर, 11 नवंबर 2022।
छत्तीसगढ़ विधान सभा के विशेष सत्र 1 व 2 दिसंबर 2022 को आरक्षित
वर्गों एससी, एसटी, ओबीसी के लंबित संवैधानिक आरक्षण को तत्काल प्रभाव से बहाल किया जाए। आरक्षण के लिए अधिनियम पारित करवाने साझा मंच के माध्यम से विशेष सत्र से पूर्व सरकार को दिए जाने वाले ज्ञापन के लिए रणनीति बनाने आवश्यक बैठक 13 नवम्बर को राजधानी के गुरु घासीदास प्लाजा में आयोजित की जा रही है।
*बैठक में एजेंडा इस प्रकार होंगे*
कवान्टीफायेबल डेटा आयोग के प्रस्तुत रिपोर्ट को विधानसभा में मान्य करते हुए अजा अजजा वर्ग के लंबित पदोन्नति में आरक्षण बहाली के लिए इसी सत्र में अधिनियम पारित किया जावे।
ओबीसी को भी पदोन्नति में आरक्षण देने अधिनियम पारित किया जावे ।
कर्नाटक राज्य की भांति पदोन्नति पश्चात् परिणामी वरिष्ठता दिए जाने सम्बन्धी अधिनियम पारित किया जावे ।
माननीय सुप्रीम कोर्ट ने 50% की आरक्षण सीलिंग को तोड़कर 3% से भी कम सवर्ण वर्ग के गरीबों को बिना कोई आंकड़ा (कवांटिफाइबल डाटा) जुटाए 10% आरक्षण प्रदान करते हुए अनुच्छेद में जोड़ा गया 15(6) और 16 (6) के अधर पर आरक्षण को 59.5% को हरी झंडी दे दी है जिसे EWS आरक्षण या आर्थिक रूप से कमजोर वर्गों का आरक्षण कहा गया. हास्यास्पद है कि इस EWS आरक्षण में SC ST OBC वर्ग के गरीब शामिल नहीं किया गया है केवल सवर्ण वर्ग के गरीब को ही गरीब माना गया है अतः यह भी मांग है कि *EWS में एससी, एसटी, ओबीसी वर्ग के गरीबों* को भी शामिल किया जावे।
डॉ लक्ष्मण कुमार भारती
प्रांताध्यक्ष अजाक्स छ. ग. ने बताया कि सुप्रीम कोर्ट के इस निर्णय से निम्न तथ्यों पर मूहर लग गई है।
आरक्षण के लिए *क्वांटिफाबल डाटा* या आंकड़े जुटाने की जरूरत नहीं अतः *अनुसूचित जन जाति को 32%* *अनुसूचित जाति 16% और अन्य पिछड़ा वर्ग को 45% आरक्षण प्रदान करने अधिनियम पारित किया जावे।
ओबीसी के लिए *क्रीमीलेयर का दायरा* समाप्त किया जाकर समस्त ओबीसी को आरक्षण का लाभ दिया जावे ।
ओबीसी की *जातिगत जनगणना* के लिए अशासकीय संकल्प इसी सत्र में पारित किया जावे ।
आरक्षित वर्ग के हित के लिए उपरोक्त सभी प्रावधानों को कर्णाटक राज्य की भांति अनुच्छेद 368 के तहत संविधान के *नवमी अनुसूची* में डलवाने महामहिम राष्ट्रपति / प्रधान मंत्री को विधान सभा में पारित अशासकीय संकल्प भेजा जावे ।
डॉ भारती ने कहा कि SC, ST व OBC वर्ग के कार्यरत सभी सामाजिक संगठन एवं शासकीय सेवा एवं गैर शासकीय सेवा के समस्त संगठनों से अपील है कि एक मंच में आकर सरकार पर दबाव बनाया जाना जरुरी है ताकि सरकार अपने कथित सलाहकारों के बहकावे में आकर विधानसभा के इस विशेष सत्र में कोई ऐसा निर्णय ना ले सके जिससे किसी भी वर्ग को कोई नुक्सान हो। अतः अजाक्स आह्वान करता है कि SC ST OBC वर्ग के सभी सामाजिक एवं कर्मचारी संगठन एक मंच पर आकार एक आवश्यक बैठक लेकर साझा रणनीति तैयार करेंगे बैठक में आप सभी संगठनों के पदाधिकारी एवं प्रतिनिधियों को आमंत्रित किया गया हैं ।
